रामानुजगंज। कोरेना संक्रमण के कारण हुआ लाकडाउन वन विभाग के लिए बड़ी चुनौती लेकर सामने आ रहा है लॉकडाउन के कारण प्रतिदिन वनों की अवैध कटाई जोरों पर है जिसे रोकने के लिए वन विभाग को आवश्यक कदम उठाए जाने की आवश्यकता है जिस प्रकार से वनों की अंधाधुंध कटाई की जा रही है निश्चित रूप से आने वाले दिनों में यह कटाई और बढ़ेगी। रामानुजगंज के आसपास के जंगलों के साथ-साथ पूरे बलरामपुर रामानुजगंज जिले में वनों की अंधाधुंध कटाई जोरों पर है।
लॉकडाउन वनों के लिए बड़ा संकट लेकर सामने आया है बड़ी संख्या में लोग प्रतिदिन जंगल जा रहे हैं एवं वृक्षों की अंधाधुंध कटाई कर रहे हैं। रामानुजगंज से सटे पर्यटन स्थल जलकेस्वर, पलटन घाट, पहाड़ी मंदिर परिसर के साथ ही वन विभाग के वन वाटिका के अंदर घुसकर भी प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग जंगल की अवैध कटाई कर रहे हैं। स्थिति ऐसी है कि सुबह 6 से 8 के बीच रिंग रोड में जंगल की अवैध कटाई कर लकड़ी लेकर आने वालों का लाइन लगा रहता है। ऐसा नहीं है कि सिफऱ् लॉकडाउन में ही वनों की अवैध कटाई हो रही है बल्की लॉकडाउन के बाद जंगल जाने वालों की संख्या में भारी इजाफा हुआ है जो जंगल में जाकर अवैध कटाई कर रहे हैं।
जंगल में नजर आ रहे हैं सिर्फ ठुठ ही ठूठ- रामानुजगंज के आसपास के जंगलों की स्थिति ऐसी हो गई है कि बाहर में दो-चार पेड़ तो दिख जा रहे हैं अंदर तो दूर-दूर तक सिर्फ ठूठ ही ठूठ नजर आ रहे हैं। जिस प्रकार से जंगलों की अंधाधुन कटाई जारी है यदि यही रफ्तार रही तो आने वाले समय में रामानुजगंज के आसपास से जंगल गायब हो जाएंगे।
नगरवासी है चिंतित- जिस प्रकार से रामानुजगंज के आसपास के जंगलों में अंधाधुन वनों की अवैध कटाई हो रही है इससे नगरवासी भी चिंतित है। कई बार तो पेड़ों को कटता देख कई नगरवासी भी आवाज उठाते हैं जिससे कई बार विवाद की स्थिति भी निर्मित हो जाती है।
गांव की स्थिति है और चिंताजनक- जब रामानुजगंज के आसपास के जंगलों में जिस प्रकार से वनों की अंधाधुन अवैध कटाई हो रही है उससे समझा जा सकता है कि दूरस्थ गांव में क्या स्थिति होगी दूरस्थ गांव की स्थिति और दयनीय है वहां तो और अंधाधुंध कटाई लगातार हो रही है वन विभाग को तत्काल वनों की कटाई रोकने के लिए कदम बढ़ाए जाने की आवश्यकता है।
नगर के आसपास के पहाड़ों से पेड़ हुए गायब- वनों की अवैध कटाई यहां लंबे समय से जारी है जिसका नतीजा यह हुआ कि नगर के आसपास के पहाड़ जो पेड़ों से भरे थे वहां से पेड़ पूर्णता गायब हो गए हैं पहाड़ों पर अब एक भी पेड़ नहीं दिखते। ऐसा नहीं है कि यह अवैध वन कटाई 1 दिन या 1 सप्ताह में हो गया बल्कि लंबे समय से जारी है जिसको रोकना जरूरी है।
वन विभाग का जमीनी अमला के लापरवाही से हो रहा है ऐसा- वन विभाग के जमीनी अमला के घोर लापरवाही के कारण लगातार जंगल की कटाई हो रही है परंतु वन विभाग का जमीनी अमला जानते हुए भी इसे रोकने में अक्षम साबित हो रहा है जब यह बात पूरे रामानुजगंज वासी जानते हैं एवं देखते हैं कि जंगल की प्रतिदिन अवैध कटाई हो रही है तो यह कैसे संभव है कि वन विभाग का जमीनी अमला जिस पर वनों की रक्षा की जवाबदारी है उन्हें कैसे नहीं पता।
वनों की अवैध कटाई रोकना वन विभाग के लिए बड़ी चुनौती- लॉकडाउन के बाद जिस प्रकार से लोग अपने-अपने घरों में ही है वही गांव में खाली समय में लोग जंगल का रुख कर रहे हैं एवं जंगल की अंधाधुंध कटाई कर रहे हैं वन विभाग के लिए यह एक बड़ी चुनौती है कि लोगों को जंगल काटने से रोके।
डीएफओ कर रहे हैं लगातार दौरा एवं कार्यवाही- डीएफओ प्रणय मिश्रा ने माना कि लाकडाउन के बाद वनों की कटाई बढ़ी है श्री मिश्रा ने कहा कि पहले लोगों को समझाइस दी जा रही थी परंतु अब सख्त कार्यवाही की जाएगी। श्री मिश्रा जिला मुख्यालय से दूरस्थ गांव तक भी पहुंच रहे हैं एवं लगातार वन कर्मचारियों को वनों की अवैध कटाई को रोकने के निर्देश दे रहे हैं।
बलरामपुर,राजपुर एवं शंकरगढ़ वन परिक्षेत्र में हुई कार्यवाही- डीएफओ प्रणय मिश्रा के निर्देश पर राजपुर वन परिक्षेत्र में ग्राम अलखनारा में प्रधानमंत्री आवास में रखे साल चौखट पटरा 30 नग, वही बलरामपुर वन परिक्षेत्र में रात्रि गश्त के दौरान साइकिल में ल_ा जप्त किया गया वही शंकरगढ़ विकासखंड में भी कार्यवाही की गई। यह सभी कार्यवाही विगत दो-तीन दिनों के अंदर ही हुई है।



