उत्तर प्रदेश पुलिस के आठ पुलिसकर्मियों की हत्या से सुर्खियों में आए कानपुर के कुख्यात गैंगस्टर विकास दुबे का अंत हो गया है। दो जुलाई को वारदात के बाद से ही विकास नैशनल मीडिया में छाया हुआ था। उसकी धरपकड़ के लिए कई राज्यों की पुलिस की मदद ली गई थी। आखिर में उसे मध्य प्रदेश के उज्जैन से गिरफ्तार किया गया। फिर यूपी पुलिस को खबर की गई। स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की एक टीम विकास को लेकर उज्जैन से कानपुर के लिए रवाना हुई। पुलिस के मुताबिक, पूरा सफर लगभग खत्म होने को आया था कि तभी एक हादसा हुआ। जिसके बाद मुठभेड़ के हालात बने और विकास को मार दिया गया। आइए आपको सिलसिलेवार ढंग से बताते हैं कि आज सुबह से इस केस में क्या हुआ है।
सुबह साढ़े 6 बजे : बर्रा में पुलिस की गाड़ी पलटी
पुलिस के अनुसार, सुबह करीब साढ़े छह बजे तेज रफ्तार कार रोड पर पलट गई। हादसे में विकास के अलावा कई पुलिसकर्मी घायल हुए।
सुबह सवा 7 बजे : विकास दुबे एनकाउंटर में ढेर
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, मुठभेड़ 15 से 20 मिनट चली। दोनों तरफ से फायरिंग में कई पुलिसकर्मी घायल बताए जा रहे हैं। विकास दुबे के कंधे और कमर में कुल चार गोलियां लगी। जब वह ढेर हो गया तो उसे अस्पताल ले जाया गया।
सुबह 8.15 बजे : एसपी ने की विकास के मारे जाने की पुष्टि
कानपुर वेस्ट के एसपी ने सुबह करीब सवा आठ बजे विकास के मारे जाने की पुष्टि की। उन्होंने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा कि घायल विकास को अस्पताल लाया गया था जहां डॉक्टर्स ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सुबह 8.40 बजे : आईजी ने दी पुलिसकर्मियों के घायल होने की जानकारी
करीब पौने नौ बजे कानपुर के आईजी मोहित अग्रवाल ने मीडिया से कहा कि विकास दुबे पुलिस एनकाउंटर में मारा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मुठभेड़ में चार पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
सुबह 8.45 बजे : अखिलेश ने एनकाउंटर पर सवाल उठाए
सुबह 9 बजे : योगी ने ली एनकाउंटर की जानकारी
नौ बजने के बाद खबर आई कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानपुर के पुलिस अधिकारियों से बात कर एनकाउंटर के बारे में जानकारी ली।
सुबह 9.20 बजे : विकास के शव की डिटेल्स बाहर आईं
विकास दुबे का एनकाउंटर कैसे हुआ? कंधे और कमर में लगीं चार गोलियां
कानपुर शूटआउट का मुख्य आरोपी विकास दुबे एनकाउंटर में मारा गया। यूपी एसटीएफ की गाड़ी विकास को लेकर कानपुर आ रही थी। सुबह करीब साढ़े छह बजे बारिश के बीच गाड़ी अचानक पलट गई। इस हादसे में विकास दुबे और कई सिपाहियों को चोटें आईं। इसके बावजूद विकास की नजरें पुलिस के चंगुल से बचकर भागने पर थी। उसने मौका पाकर एसटीएफ के एक अधिकारी की पिस्टल छीनकर भागने की कोशिश की। इसी के बाद मुठभेड़ शुरू हो गई। एसटीएफ ने विकास से हथियार रखकर सरेंडर करने को कहा। वह नहीं माना तो क्रॉस फायरिंग में विकास दुबे ढेर कर दिया गया। मुठभेड़ के बाद विकास दुबे के शव को कानपुर के हैलट अस्पताल लाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया गया। विकास के कंधे और कमर में चार गोलियां लगी हैं। यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से विकास दुबे एनकाउंटर के बारे में जानकारी ली। यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर सवाल उठाए हैं। अखिलेश ने कहा- ‘दरअसल ये कार नहीं पलटी है, राज खुलने से सरकार पलटने से बचाई गयी है।’
सुबह पौने 10 बजे : शहीद के पिता का बयान
विकास दुबे के एनकाउंटर की खबर अबतक पूरे देश में फैल चुकी थी। जिन 8 पुलिसकर्मियों की मौत का जिम्मेदार दुबे था, उनके परिवार वाले इस खबर से संतुष्ट नजर आए। ANI से बातचीत में शहीद कॉन्स्टेबल जितेंद्र पाल सिंह के पिता तीरथ पाल ने कहा कि इससे उनकी ‘आत्मा को शांति मिली है।’ उन्होंने प्रशासन और योगी सरकार का शुक्रिया भी अदा किया।
सुबह 10.40 बजे : एडीजी ने कहा, जारी करेंगे बयान
यूपी के एडीजी (लॉ एंड ऑर्डर), प्रशांत कुमार ने साढ़े 10 बजे क बाद ANI से कहा कि जल्द ही पुलिस आधिकारिक बयान जारी करेगी। उन्होंने घटनाक्रम की जानकारी देते हुए कहा कि कार पलटने के बाद विकास ने पुलिस वेपन छीन भागने की कोशिश की। जवाबी कार्रवाई में वो मारा गया।