गोरखपुर:- कोरोना वायरस उत्तर प्रदेश में भी जानलेवा होता जा रहा है। बस्ती के 25 साल के कोरोना संक्रमित युवक की गोरखपुर में मौत हो गई है। युवक की मौत दो दिन पहले ही हो गई थी जबकि रिपोर्ट बुधवार को पॉजिटिव आई है। इसके अलावा मेरठ में 72 साल के कोरोना संक्रमित मरीज की मौत का मामला सामने आया है। हालांकि अभी इसकी पुष्टि होनी बाकी है। बता दें कि यूपी में कोरोना वायरस के मरीज 100 के पार हो चुके हैं। इसमें सबसे ज्यादा मामले नोएडा से सामने आ रहे हैं।
दो दिन पहले हुई थी मौत
लखनऊ के केजीएमयू के प्रवक्ता डॉ. सुधीर सिंह ने एनबीटी को बताया कि गोरखपुर से जिस हसनैन अली (25 वर्ष) की रिपोर्ट आई थी वह पॉजिटिव है। बस्ती के गांधीनगर के रहने वाले थे। युवक को रविवार को गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। सोमवार की सुबह इनकी मौत हो गई। सांस लेने में तकलीफ थी। मौत के बाद स्टाफ ने बताया कि उनके अंदर कोरोना के लक्षण थे।
बुधवार को पॉजिटिव आई रिपोर्ट
डॉ. सुधीर सिंह ने बताया कि सलाइवा का नमूना टेस्ट के लिए पहले बीआरडी लैब में भेजा गया। वहां से भी रीऐक्टिव आया। पुष्टि के लिए मंगलवार को केजीएमयू भेजा गया। बुधवार की सुबह पॉजिटिव रिपोर्ट आई है। प्रवक्ता सुधीर सिंह ने बताया कि रिपोर्ट पॉजिटिव है। विस्तृत जानकारी सीएमओ देंगे।
बता दें कि गोरखपुर में सोमवार को मरीज की मौत के बाद इसे कोरोना का केस मानते हुए तमाम स्वास्थ्यकर्मियों को आइसोलेट किया गया था। एहतियात के तौर पर उसके संपर्क में आए तमाम स्वास्थ्यकर्मी सख्त निगरानी में रखे गए। मृत मरीज के सैंपल को जांच के लिए लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में भेजा गया था।
4 घंटे तक अस्पताल में पड़ा रहा शव
उधर बीआरडी मेडिकल कालेज के प्राचार्य डॉ. गणेश कुमार ने कहा कि मरीज में कोरोना जैसे लक्षण थे और डॉक्टर उसकी पहचान करने में चूक गए। मरने के बाद भी 4 घंटे तक मरीज की लाश अस्पताल में ही पड़ी रही, जिसे गंभीर लापरवाही कहा जा रहा है।
मेरठ में भी मौत का मामला, अभी पुष्टि नहीं
उधर, मेरठ में भी कोरोना के पहले मरीज की मौत की खबर है। बताया जा रहा है कि शास्त्रीनगर निवासी 72 साल के कोरोना मरीज की मौत हो गई है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी होनी बाकी है।



