सूरत(एजेंसियां):- महात्मा गांधी जी की 94 वर्षीय पौत्र वधु श्रीमती शिवा लक्ष्मी गांधी का सूरत, गुजरात में विगत 11 मई 2020 को निधन हो गया l उनके पति कानू भाई गांधी (जो महात्मा गांधी जी के तीसरे पुत्र राम दास गांधी जी के बेटे थे ) का निधन भी सूरत में ही 2016 को हुआ था. कानू भाई नासा, अमेरिका में वरिष्ठतम वैज्ञानिक थे l उनकी शिक्षा MIT और हार्वर्ड जैसे अमेरिकन विश्वविद्यालयों में हुई थी l वह सच्चे कर्मयोगी और सामाजिक सेवा में लीन रहते थे l प्रचार से वह हमेशा कोसों दूर रहते थे l
उनकी पत्नी श्रीमती शिवा लक्ष्मी गांधी बोस्टन विश्वविधालय से जीव विज्ञान में पी एचडी थी और अमरीका में अध्यापन का कार्य करती थी , अध्यापन के बाद वह सामाजिक सेवाओं में व्यस्त रहती थी l कानू भाई और उनकी पत्नी वर्ष 2000 से अमरीका से दिल्ली आते जाते रहते थे जहां उनकी देखभाल बी आर चौहान करते थे जिन्हें वह पुत्रवत मानते थेl
शिवा लक्ष्मी 2013 में कानू भाई के साथ सूरत आ गई थी l वहां दोनों कई आश्रमों में भी रहे कैलाश छाबड़ा ने दोनों का ख्याल रखा था l 2016 में कानू भाई की मृत्यु के बाद कुछ समय के लिये शिवालक्ष्मी फिर दिल्ली आ गई थीं, दिल्ली में हरपाल भाई ने उनकी खूब सेवा की और अपने परिवार में ही रखा l दिल्ली से एक बार फिर वह सूरत में गांधी वादी विचारक परिमल भाई देसाई के यहां चली गई थीं। अपने अंतिम दिनों में वे सूरत के पास ही एक गाँव भीमराड में शिवा लक्ष्मी रहती थी l
गरीब बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और जरूरत मंद लोगों पर शिवा जी बहुत ध्यान देती थी l इस काम को सुचारू रूप से चलाने के लिए उन्होंने एक ट्रस्ट “डॉ शिवा लक्ष्मी एण्ड कानू रामदास मोहनदास गांधी चैरिटेबल ट्रस्ट” की भी स्थापना की थी जिसकी वह चेयरपर्सन भी थी lउनकी इच्छा थी कि उनकी मृत्यु के बाद उनका पैसा और संपत्ति गरीबो की सेवा और गरीब विद्यार्थियों की शिक्षा पर खर्च किया जाये l
शिवालक्ष्मी गांधी और कानू भाई की कोई सन्तान नहीं थी. कानू जी की दो बहने सुमित्रावेन और उषावेन थी. कानू जी और शिवा जी का विचार था कि उनकी जीवन भर की पूंजी गांधीवादी विचारधारा, शिक्षा, स्वास्थ्य और और महिला कल्याण के उत्थान के लिए लगाई जाये l भीमराड गाँव में शिवा जी की देखभाल पूर्व सरपंच श्री बलवंत भाई करते थे l शिवा जी का दाह संस्कार सूरत में श्री परिमल भाई ने किया l



